मैं और मेरी प्यारी दीदी भाग - २९

007

Rare Desi.com Administrator
Staff member
Joined
Aug 28, 2013
Messages
68,481
Reaction score
567
Points
113
Age
37
//asus-gamer.ru मैं और मेरी प्यारी दीदी भाग - २९
उसने मुझे बहुत बोला की शिप्रा थोडा सा ऊपर करने दे लेकिन मैं नहीं मानी मुझे बहुत डर लग रहा था फिर वो और नीचे गया और सलवार पे से मेरी वेजिना पे किस करने लगा मुझे भी अच्छा लग रहा था फिर वो मुझ पे से उतरा और मेरा हाथ पकड़ा और अपने लोअर में डाल दिया उसके लोअर में मुझे कुछ मोटा और गर्म डंडे जैसा महसूस हुआ उसने मुझसे कहा इसे सहलाओ मैंने उसे पकड़ा और उसे सहलाने लगी फिर उसने अपना लोअर नीचे कर दिया और कहा की इसे अपने हाथ से ऊपर नीचे करो मैं करने लगी वो मेरे सूट पे से मेरे बूब्स और वेजिना को सहला रहा था और मैं उसका हिला रही थी ऊपर नीचे कर रही थी और फिर उसका निकल गया बस इतना ही हुआ था " मैंने शिप्रा दीदी के टॉप के अंदर हाथ डाल उनकी ब्रा पे से उनके बोबे सहलाते हुए कहा "बस इतना ही उसने फिर दूसरे दिन कुछ नहीं किया क्या " उन्होंने कहा "नहीं ये सब मेरे लिए पहली बार था मैं डर गयी थी फिर मैं मम्मी से अलग ही नहीं हुई " तो मैंने शिप्रा दीदी से कहा "मतलब दीदी आपने मेरे साथ ही सेक्स किया है क्या पहली बार" तो उन्होंने कहा "हाँ' तो मैंने कहा की "क्यों आप कॉलेज में हो आपका बॉयफ्रेंड तो होगा ही उसके साथ भी नहीं किया" तो उन्होंने कहा की "हाँ है लेकिन हम मिलते ही पब्लिक प्लेसेस पे है तो ये वहां तो हो नहीं सकता" मैंने कहा "शिप्रा दीदी मैंने भी पहली बार आपके साथ ही किया है" और ये बोल के मैं उन्हें किस करने लगा उन्हें किस करते हुए मैंने शिप्रा दीदी की ब्रा नीचे की और उनके नंगे बोबे दबाने लगा फिर मैंने कहा "शिप्रा दीदी मुहँ में लो ना" और वो घुटनों के बल बैठ गई और मेरा लंड अपने मुहँ में लिया और उसे चूसने लगी मुझे बहुत मजा आ रहा था अभी शिप्रा दीदी ने मेरा लंड चूसना शुरू ही किया था की प्रीती दीदी की आवाज आई "सोनू कहा है तू" मैंने फटाफट अपना लंड अंदर किया शिप्रा दीदी ने अपने कपडे ठीक किये और इतने में ही प्रीती दीदी रूम में आ गई टॉर्च लेके मैं जल्दी से शिप्रा दीदी से अलग हुआ प्रीती दीदी बोली "अरे सोनू कब से ढूँढ रही हूँ तुझे और शिप्रा आप गए नहीं " शिप्रा दीदी बोली "हाँ प्रीती वो ट्रेन लेट है कल सुबह की है " प्रीती दीदी बोली "ठीक है दीदी वो आप किचन मैं सब्जी काट दो ना फिर मैं फटाफट छोंक देती हूँ फिर चपाती मम्मी सेक लेगी " शिप्रा दीदी बोली "हां प्रीती" और वो किचन में चली गई शिप्रा दीदी के जाते ही प्रीती दीदी मेरे पास आई और बोली "तू यहाँ क्या कर रहा था तुझे मना किया था ना इसके आस पास भी जाने के और इतना पास क्यों खड़ा था उसके " मुझे कुछ समझ नहीं आया की क्या बोलू और मैं एक दम से प्रीती दीदी से चिपक गया और रोने जैसी आवाज में बोला "प्रीती दीदी मैं क्या करू उन्होंने ही मुझे अपने पास बुलाया था और " मैं चुप हो गया प्रीती दीदी ने मुझे खुद से अलग किया और बोली "और क्या , क्या बोली वो बता मुझे " मैंने कहा "वो मुझे हाथ लगाने को कह रही थी " प्रीती दीदी ने कहा कहाँ पे मैंने उनके बोबे की और इशारा करते हुए कहा "यहाँ पे" उन्होंने कहा "और" मैंने कहा "और वो मेरे हाथ फेर रही थी" उन्होंने कहा "कहाँ पे" मैंने अपने लंड की तरफ इशारा करते हुए कहा "यहाँ पे".. प्रीती दीदी ने मुझसे कहा "फिर" मैंने कहा "फिर दीदी मैंने शिप्रा दीदी को मना कर दिया की मैं आपके वहां हाथ नहीं लगाऊंगा तो उन्होंने कहा की अगर तूने नहीं लगाया तो मैं मौसी से तेरी शिकायत करुँगी इतने में ही आपने मुझे आवाज लगा दी आपकी आवाज सुनते ही उन्होंने मुझसे कहा की प्रीती से कुछ बोला तो देख लेना " प्रीती दीदी बोली "हाँ सही किया तूने सोनू तू चिंता मत कर अब मेरे पास ही रहना " तभी प्रीती दीदी एक दम से जोर से चिल्लाई और उनके हाथ से टॉर्च गिर गई मैंने हडबडाते हुए पूछा "क्या हुआ प्रीती दीदी " वो घबराते हुए बोली "सोनू मेरे ऊपर कुछ गिर है अभी" मैंने फटाफट टॉर्च उठाई और जलाई प्रीती दीदी अपना कुर्ता झटक रही थी प्रीती दीदी ने पिंक कलर का ढीला सा कुर्ता और ब्लैक कलर की कैप्री पहनी हुई थी मैंने पूछा "क्या हुआ क्या था " वो कुर्ता झटकते हुए बोली "पता नहीं कुर्ते के अंदर घुस गया है" और मैंने जल्दबाजी मैं वो कर दिया जिसकी उम्मीद ना मुझे थी और ना प्रीती दीदी को मैं उनके पास गया और उनके कुर्ते के गले को खींच के अंदर टॉर्च की रौशनी से देखने लगा उनके कुर्ते में एक छोटी सी चुहिया घुस गयी थी जो उनकी ब्रा की स्ट्रेप के ऊपर अटक गयी थी टॉर्च की रौशनी से उन्हें भी वो दिख गई उन्होंने जल्दी से अपना हाथ अपने बोबे पे मारा और चुहिया नीचे गिर गई और भाग गई लेकिन मैंने अभी भी उनके कुर्ते का गला खींच रखा था और टॉर्च की रौशनी अंदर थी जब हम दोनों की इस बात का रियलआइज हुआ तो प्रीती दीदी जल्दी से पीछे हट गई उनके कुर्ते का गला मेरे हाथ से छूट गया वो पीछे होके बोली "ये क्या कर रहा है सोनू " मैंने कहा "दीदी वो आपके साथ मैं भी घबरा गया था गलती से हो गया " वो जल्दी से रूम के बाहर चली गई लेकिन जो भी हुआ था उस से मुझे बहुत मजा आया था प्रीती दीदी के पिंक कुर्ते के अंदर उनकी स्ट्राइप्स वाली ब्रा कितनी प्यारी लग रही थी उनकी अंदर का बदन इतना गोरा और उस गोरे बदन पे डार्क कलर की स्ट्राइप्स वाली उनकी ब्रा और उस के अंदर उनके प्यारे प्यारे मोटे मोटे कोमल बोबे प्रीती दीदी के कुर्ते झटकाने से उनके बोबे भी हिल रहे थे और मैंने तो उनके हिलते बोबे अंदर से देखे थे मेरा लंड पूरी तरह से खड़ा था आज ये दूसरी बार हुआ था की प्रीती दीदी और मेरे बीच ऐसा कुछ हुआ था मैंने सोचा की अब ऐसा क्या किया जाए की प्रीती दीदी और मेरे बीच इस से आगे कुछ हो मैं यही सोचता हुआ किचन में गया किचन में शिप्रा दीदी और प्रीती दीदी खाना बना रही थी तभी शिप्रा दीदी का फोन बजा और वो फोन लेके किचन से बाहर चली गई मैं जाके प्रीती दीदी के पास खड़ा हो गया मुझे देख के प्रीती दीदी ने पूछा "क्या हुआ सोनू कुछ चाहिए " मैंने कहा "नहीं दीदी ऐसे ही आपके पास आ गया" फिर मैंने कहा की "प्रीती दीदी शिप्रा दीदी ने मुझे एक और जगह हाथ लगाने को कहा था" उन्होंने सब्जी बनाते हुए पूछा "कहाँ पे" मैंने इशारे से बताया "यहाँ पे" लेकिन वो तो सब्जी बना रही थी उन्होंने फिर कहा "बता ना " मैंने प्रीती दीदी केप्री पे से उनकी कोमल गांड पे अपना हाथ फेरते हुए कहा "यहाँ पे" और ये बोल के मैं उनकी गांड सहलाने लगा प्रीती दीदी एक दम से मुझे देखने लगी हम दोनों एक दूसरे की आँखों में देख रहे थे और मैं प्रीती दीदी की गांड सहला रहा था प्रीती दीदी ने मुझसे कहा "सोनू अपना हाथ हटा ये सब सही नहीं है और मुझे तुझसे बात भी करनी है इसी मैटर पे तू अपने रूम में चल मैं वहीँ आ रही हूँ " मैं अपने रूम में आ गया और सोचने लगा की प्रीती दीदी को क्या हुआ वो क्या बात करना चाहती है मैं बस यही सोच रहा था इतने में प्रीती दीदी रूम में आई शिप्रा दीदी तो बाहर फोन पे बात कर रही थी प्रीती दीदी मेरे पास बैठी और बोली "सोनू ये सब जो भी हो रहा है या जो भी हुआ था हमारे बीच ये सब सही नहीं है हम दोनों सगे भाई बेहेन है ये सब चीज़ें लाइफ में होती है लेकिन एक उम्र के बाद में इन सब चीजों की अभी तेरी उम्र नहीं है " मैं चुप चाप सुन रहा था उन्होंने फिर बोलना स्टार्ट किया "जो भी हम दोनों के बीच हुआ वो अचानक हुआ था मुझे कुछ समझने का मौका ही नहीं मिला लेकिन अच्छा हुआ कम से कम मुझे पता तो चला तेरे और शिप्रा दीदी के बारे में , वो तो बड़ी है लेकिन तू अभी इतना बड़ा नहीं हुआ है की तू ये सब करे इसीलिए मैंने तुझे उनसे दूर किया लेकिन तू जिस तरह से मुझे छूता है बार बार मैंने तुझे पहले भी समझाया था की ये सब सही नहीं है मैं चाहती तो मम्मी को बता सकती थी लेकिन मैं तेरा डर समझती हूँ आज तू मुझे सच सच बता की जब भी तू मुझे छूता है तो ये बस एक इत्तेफाक होता है या तू जानभूझ के करता है " मैंने कहा "दीदी इत्तेफाक से हो गया था आज जो मैंने आपके कुर्ते का गला खींच दिया लेकिन आपको भी तो तभी पता पड़ा ना चुहिया का " तो उन्होंने कहा "लेकिन इसका मतलब ये तो नहीं है ना की तू मेरे कुर्ते के अंदर ही देखने लग जाए आखिर मैं तेरी बड़ी बेहेन हूँ ना मर्यादा भी तो कोई चीज़ होती है ना" मैंने कुछ नहीं कहा थोड़ी देर तक कमरे में बिलकुल सन्नाटा रहा थोड़ी देर बाद मैं जोर से चिल्लाया "आउच प्रीती दीदी शायद मुझे किसी कीड़े ने काटा है आह्ह्ह " प्रीती दीदी ने पुछा "कहा पे सोनू जल्दी बता" मैंने टांग की तरफ इशारा करके कहा "यहाँ" प्रीती दीदी ने मेरा लोअर ऊपर किया और टॉर्च से देखने लगी उन्होंने कहा "यहाँ तो कोई निशान नहीं है" मैंने कहा "नहीं ऊपर की तरफ है" और प्रीती दीदी ने मुझे खड़ा होने को बोला और अपने हाथ से मेरा लोअर नीचे कर दिया और टोर्च से देखने लगी मैंने अपना लोअर वापस ऊपर किया प्रीती दीदी बोली "अरे सोनू देखने तो दे" मैंने लोअर ऊपर करते हुए प्रीती दीदी से कहा "दीदी आप में तो मर्यादा है ही नहीं " उन्होंने कहा "क्या मतलब" मैंने कहा " आपने भी तो वही किया जो मैंने किया था तो आप अब भी यही कहोगी क्या की मैंने जान कर के आपके कुर्ते का गला खींचा था " वो चुप हो गई उन्हें मेरी बात समझ आ गयी थी उन्होंने फिर कहा "लेकिन तू किचन में जो मेरे हिप्स पे हाथ फेर रहा था वो उसका क्या मतलब था आज तू मुझे सच सच बता की तेरे मन में क्या है " वो ऐसा पल था और मेरे और प्रीती दीदी के बीच ऐसी बातचीत हो रही थी की मैंने बोल दिया मैंने कहा "प्रीती दीदी जब से हमारे बीच वो सब हुआ है तबसे मुझे आपको देखते रहने की आपको छूने की इच्छा होती है " वो बोली "ह्म्म्म्म लेकिन मैं तेरी बेहेन हूँ ना फिर भी " मैंने कहा "पता नहीं मेरे मन में जो था वो मैंने बता दिया" उन्होंने कहा " क्या इच्छा होती है" मैंने कहा "जहाँ जहाँ शिप्रा दीदी मुझे हाथ फेरने को कहा वहां वहां मैं आपके बदन पे हाथ फेरना चाहता हूँ आपको किस करना चाहता हूँ आपके बूब्स दबाना चाहता हूँ उन्हें सहलाना चाहता हूँ आपके पूरे बदन पे अपने होंठ फेरना चाहता हूँ " प्रीती दीदी मेरे पास आ गयी और मेरे सर पे हाथ फेरते हुए बोली "मैं समझती हूँ सोनू तू मुझसे काफी ज्यादा अटरेक्ट हो चुका है और ऐसा होता भी है इस उम्र में लेकिन तू जो कह रहा है वो मुमकिन नहीं है हम दोनों भाई बेहेन है " मैंने कहा "प्रीती दीदी एक बात बोलूं" उन्होंने मेरे सर पे हाथ फेरते हुए बोला "हाँ बोल ना" मैंने कहा "आपका बॉय फ्रेंड है मुझे पता है आप उस से विडियो चैट करती हो मुझे ये भी पता है आप उसे विडियो चैट मैं क्या क्या दिखाती हो मुझे ये भी पता है " उन्होंने कहा "तुझे कैसे पता" मैंने कहा की "मैंने आपको उस से विडियो चैट करते हुए देखा था तो आप उसके साथ ये सब कर सकती हो लेकिन मेरे साथ नहीं मैं तो आपका भाई हूँ आप क्या मुझसे भी ज्यादा उस से प्यार करती हो क्या" प्रीती दीदी बोली "नहीं रे वो बात नहीं है लेकिन तू मेरा भाई है ये सब चीज़ें फीलिंग्स से जुडी होती है जो मैं उसके लिए फील करती हूँ वो मैं तेरे लिए कभी फील नहीं कर सकती क्योंकि तू मेरा छोटा भाई है " मैं चुप चाप मुहं नीचे करके बैठ गया प्रीती दीदी ने मेरा मुहं उठाया और बोली "ऐसे उदास मत हो जो भी तूने मुझसे कहा या किया वो सब नार्मल है इस उम्र में कोई गिल्टी फील मत कर मैं बहुत खुश हूँ की अच्छा है तूने मुझे खुल के अपने मन की बात बता दी लेकिन एक भाई बेहेन के बीच में वो सब नहीं हो सकता जो एक गर्लफ्रेंड बोयफ्रेंड के बीच होता है समझा" इतने में लाइट आ गई हम दोनों ने एक दूसरे को देखा और मुस्कुराते लगे प्रीती दीदी बोली "चल आजा खाना खा ले "... हम दोनों खाना खाने के लिए चल पड़े मैं प्रीती दीदी की मटकती हुई सेक्सी गांड को देख रहा था आज मुझे बहुत अजीब सा लग रहा था क्योंकि मैंने प्रीती दीदी को साफ़ साफ़ सब कुछ बता दिया था कि मैं उनके साथ क्या क्या करना चाहता हूँ और प्रीती दीदी ने सब सुन के बहुत ही नॉर्मली मुझे समझाते हुए मुझे मना भी कर दिया था की ऐसा कुछ नहीं हो सकता मैं यही सोच रहा था की अब क्या किया जाये हमने नीचे जाके देखा तो पापा मम्मी आ चुके थे प्रीती दीदी बोली "आ गए मम्मी" मम्मी बोली "हाँ प्रीती बारिश तो बहुत ही तेज हो रही है अच्छा है जो सब टाइम से ही आ गए , अब खाने का क्या करें" प्रीती दीदी बोली "वो मैंने और शिप्रा दीदी ने खाना बना लिया है पहले हमने सब्जी तो बना ली थी फिर आपका वेट किया की चपाती आप बना लोगी बट आप आने में लेट हो गए तो चपाती भी सेक ली अब बस पापा और आप दोनों चेंज करके आ जाओ मैं खाना लगाती हूँ " मम्मी बोली "चल ये तुम दोनों ने अच्छा किया एक काम करो पापा और मैं तो अभी चाय पियेंगे पहले भीग गए है थोडा सा और खाना लेट खाएँगे तुम बच्चे लोग खाना खा लो पहले" प्रीती दीदी बोली "ठीक है मम्मी" फिर मम्मी ने शिप्रा दीदी से कहा "अरे शिप्रा तूने अभी तक जींस टॉप क्यों पेहेन रखा है अब तो कपडे चेंज कर ले तू" शिप्रा दीदी बोली "हाँ मौसी अच्छा वो मौसा जी से पूछो ना कि उन्होंने ट्रेन का टाइम पता किया क्या" मम्मी बोली "हाँ उनसे कह देती हूँ की वो एक बार वापस पता कर ले" फिर मम्मी अपने रूम में चली गई और शिप्रा दीदी कपडे चेंज करने चली गई थोड़ी देर बाद शिप्रा दीदी कपडे चेंज करके आयी उन्होंने एक पतला सा क्रीम कलर का टॉप और ब्लैक कलर का बरमूडा पेहेन रखा था वो आकर मेरे सामने बैठ गयी डाइनिंग टेबल पे बैठ गई वो बड़ी सेक्सी लग रही थी मैंने उन्हें मेसेज किया "शिप्रा दीदी बड़ी सेक्सी लग रही हो अंदर कौनसी ब्रा पेंटी पेहेन रखी है अभी जो मैंने देखी वो या चेंज कर ली है " थोड़ी देर बाद उनका रिप्लाई आया "क्या बात है तुझे तो मैं हमेशा ही सेक्सी लगती हूँ चाहे कपड़ो में हूँ या बिना कपड़ो के हूँ नहीं चेंज कर ली है नए पैटर्न वाली ब्रा पेंटी है" मैं सोचने लगा की शिप्रा दीदी की नए पैटर्न की ब्रा और पेंटी कैसी होगी लेकिन मैंने उन्हें वापस मेसेज नहीं किया क्योंकि प्रीती दीदी मेरे पास बैठी हुई थी थोड़ी देर में हम लोग खाना खाने लगे मैंने नोटिस किया की प्रीती दीदी बड़े ध्यान से शिप्रा दीदी को देख रही थी मैं समझ गया की वो मेरा ध्यान रख रही है की कहीं शिप्रा दीदी कुछ करती तो नहीं है , खाना खाते खाते मुझे वो किस्सा याद आ गया जो जीजू ने प्रीती दीदी के साथ किया था मैंने अपना पैर शिप्रा दीदी के पैर पे रखा और उनके पैर को सहलाने लगा वो मुझे देख के मुस्कुराने लगी थोड़ी देर तक मैं अपने पैर से शिप्रा दीदी का पैर सहलाने लगा फिर मैं अपना पैर धीरे 2 ऊपर ले जाने लगा लगा आज शिप्रा दीदी ने बरमूडा पेहेन रखा था तो मैं अपने पैर से उनकी नंगी टांगें सहलाने लगा फिर मैं अपना पैर उनकी जांघ पे फेरने लगा शिप्रा दीदी गरम होने लग गई थी फिर मैं अपने पैर को और ऊपर उनकी जांघ पे फेरते हुए और ऊपर लेके जाने लगा शिप्रा दीदी ने अपने आप अपनी टांगें थोड़ी सी चौड़ी कर ली..
 

Users Who Are Viewing This Thread (Users: 0, Guests: 0)


Online porn video at mobile phone


আম্মুকে চোদার প্রস্তাবnewsexstory com tamil sex stories E0 AE 8E E0 AE A9 E0 AF 8D E0 AE AA E0 AF 81 E0 AE A3 E0 AF 8D E0నేను నా ముద్దుల మొగుడు తెలుగు సెక్స్ కథకొడుకు మొడ్డ చీకానుতোর মার বাল চুষে খাबहन की सलवार फटीதங்கை கூதி ஐட்டி ஒல் கதைகள்Bhauja tolet xxx kadaliபக்கத்துல ஆண்டியை ஓத்த கதைDwoxxxcom1nattukattaiകുണ്ണ മണത്തു oodiyapasamana amma kama kathaiஅபிநயா நண்பனின் அழகு மனை‌விநிரு காமதைबहिण भावाची कार मधे झवाझवीTamil sex story in mamanarin vapatti in kiramam 17 मराठी सेक्स विडिओ दुध साडीवर शेजारीन आटीXosspyதமிழ் அண்ணி ரோஜா சப்புதல் வீடியோপরিবার কাম ১ চটিபருவமடையாத பெண் காம கதைaka sema nattukattai full xxxफकफक खपाखपमावसी आणि मुलगा सेक्सी कथा मराठीಕನ್ನಡ ಅಮ್ಮ ಮಗ ಸೆಕ್ಸ್ ಸ್ಟೋರೀಸ್அபிநயா என் நண்பனின் அழகு மனைவி Desi xossipஆசை வெச்சா தங்கச்சி செக்ஸ் கதைPala perai otha thangai sex storyजिम मध्ये आंटी ला झवलेசின்ன குஞ்சை சப்ப ஆரம்பித்தாள்അപ്പി ഇട്ടു kambikathakalSuththil katti cansaraজেঠি কে পটিয়ে চুদা চুদিnewsexstory com telugu sex stories E0 B0 AF E0 B1 86 E0 B0 B2 E0 B0 BE E0 B0 97 E0 B1 88 E0 B0 A8 E0தமிழ் மம்மியும் மாயாவும் காம கதைகள்अमृता भाभी की गांड मारी और बुर चुदाई की कहानी हिंदीchoti incest story অভিবাসী குத்துடாలంజలు దెంగుడు అలా￰മലദ്വാരത്തിൽ ഉമ്മ കൊടുക്കുന്നുमाझी बायको रांड बनली सेक्स स्टोरीमेरी रसीली चूत मेँ भाई का लडं हिदीँ कहानियाँசுவாதி 25 kamaবৃষ্টিতে ভিজে চুদা চুদিamma akrama sambhandam part 2அம்மா அத்தை காமகதைহট চটি পলি পায়েলxossip அம்மா மகன் மகள் குடும்ப காம கதைகள்அழகிய ராட்சசியே.காமகதைரயிலில் புண்டையைமனைவி என நினைத்து மகளை ஓத்த அப்பாnewsexstory com tamil sex stories E0 AE 8E E0 AE A3 E0 AF 8D E0 AE 85 E0 AE AE E0 AF 8D E0 AE AE E0ज़हरीन का प्यासा सफ़रಅನಿತಾಳ ಎದೆಬಡಿತ Kannada kama kathegaluथ्री-सम सामूहिक चूदाईXXX videos મામીkammoka. kamsutra. Hindi. sexy. story,അമ്മായിയുടെ മുല ഞാൻ കണ്ണാടിയിലൂടെ കണ്ടുব্রা টেনে ছিড়ে ফেললো আহহহ উহহহহ জোর করে চুদলোভুদার ফুটো বড় হওয়ায় চুদাচুদিभाभी ने जान बुझ कर अपनी नंगी चुत बताईডাক্তার আমার চুদে চুদে গুদ বেথা করে দিলোவித்தியாசமான காம கதைகள்sex khani maa ne bete se jhante kataiமுதலாளியுடன் அம்மா காமக்கதைகணவரிடம் கிடைக்காத சுகம்வியாபாரிகளின் காமகதைகள்kamuk poriyalor sex kahini part 2.cmफुफा चुतbegani sadi me bahen ki chuday hindi sex storyஒரு புண்டையில் நாலு சுன்னி காமகதைதிரும்புடி பூவை வைக்கனும் 49চাদির পায়েলঅসমীয়া চুদন খোৱাৰ অভিজ্ঞতাৰ কাহিনীநான் ஒரு தேவிடியா முண்டைकामता डॉट कॉम सेक्सी व्हिडिओ स्टोरीtheater thadval tamil sex storysmami barobar jaberdasti marathi sex storiesಮೊಗ್ಗು ಅರಳಿದಾಗമമ്മിയുടെ പൂറ് നക്കിஎன் மாமனாரை ஓத்ததுbinita chodhari ki chudai ki story mastsusar ki paltu randi